मशीनरी लोन क्या होता है, इसे कौन ले सकता है, और कैसे मिलता है — यहाँ पूरी और आसान भाषा में फुल डिटेल दी गई है:
मशीनरी लोन क्या है?
What is a machinery loan?
मशीनरी लोन (Machinery Loan) एक प्रकार का बिज़नेस लोन है जो किसी भी उद्योग, फैक्ट्री, दुकान या स्टार्टअप को नई मशीनें खरीदने, पुरानी मशीनों को अपग्रेड करने या मरम्मत/मेंटेनेंस के लिए दिया जाता है।
इसका उद्देश्य बिज़नेस की उत्पादन क्षमता बढ़ाना और काम को आधुनिक बनाना होता है।
मशीनरी लोन कौन ले सकता है? Who can avail machinery loan?
लगभग हर प्रकार का व्यापार या इंडस्ट्री मशीनरी लोन ले सकता है:
1. मैन्युफैक्चरिंग यूनिट Manufacturing Unit
1.
सीएनसी मशीन
2.
ड्रिलिंग मशीन
3.
पैकेजिंग मशीन
4.
प्रिंटिंग मशीन
2. छोटे उद्योग (MSME / Udyam Registered)
a.
फर्नीचर यूनिट
b.
कपड़ा यूनिट
c.
फूड प्रोसेसिंग यूनिट
d.
वेल्डिंग/फैब्रिकेशन यूनिट
3. सर्विस आधारित बिज़नेस service based business
a.
जिम मशीनें
b.
लैब मशीनरी
c.
ब्यूटी पार्लर/सैलून मशीनें
4. किसान (अगर कृषि मशीनरी लोन है) Farmer (if
having agricultural machinery loan)
a.
ट्रैक्टर
b.
हार्वेस्टर
c.
स्प्रेयर
d.
डेयरी उपकरण
5. स्टार्टअप या नया बिज़नेस Startup or new business
जरूरी दस्तावेज़ और प्रोजेक्ट रिपोर्ट होने पर स्टार्टअप भी ले सकते हैं।
मशीनरी लोन कितने का मिलता है?
How much does a machinery loan
cost?
₹50,000 से लेकर ₹5 करोड़+ तक
MSME के लिए आमतौर पर ₹1 लाख से ₹2 करोड़ तक
मशीनरी लोन की ब्याज दर (Interest Rate)
बैंक/फाइनेंस कंपनी और बिज़नेस की स्थिरता पर निर्भर: Depending
on the bank/finance company and the stability of the business:
8% – 18% प्रति वर्ष
सरकारी योजनाओं में 6%–10% तक भी मिल सकता है (CGTMSE, PMEGP, Mudra आदि)
मशीनरी लोन कितने समय के लिए मिलता है?
1 से 7 साल
कुछ बैंक 10 साल तक की अवधि भी देते हैं।
मशीनरी लोन कैसे मिलता है? (Process)
1 बिज़नेस/फैक्ट्री दस्तावेज़ तैयार करें Prepare
Business/Factory Documents
o
आधार कार्ड
o
पैन कार्ड
o
बिज़नेस रजिस्ट्रेशन (Udyam / GST / Shop Act)
o
बैंक स्टेटमेंट (6–12 महीने)
o
ITR
(1–2 साल, अगर उपलब्ध)
o
मशीन का कोटेशन/बिल
2. बैंक या NBFC में आवेदन
a.
SBI
b.
Bank
of Baroda
c.
Canara
Bank
d.
HDFC
/ ICICI
e.
Tata
Capital / Bajaj Finance
f.
Mudra
Loan (सरकारी)
3-बैंक दस्तावेज़ और बिज़नेस प्रॉफिट चेक करता है Bank documents and business profit checks
4. मशीन का कोटेशन देखकर लोन अमाउंट तय किया जाता है
5-मंजूरी के बाद लोन सीधे मशीन बेचने वाले को भुगतान होता है
(कई बैंक ग्राहक को सीधा पैसा नहीं देते)
मशीनरी लोन के प्रकार Types of Machinery Loans
1. New
Machinery Loan
नई मशीन खरीदने के लिए।
2.
Used Machinery Loan
पुरानी/सेकेंड हैंड मशीन के लिए।
3.
Working Capital + Machinery Loan
मशीन के साथ-साथ दिन-प्रतिदिन के खर्च के लिए।
4. Government
Subsidy Machinery Loan
PMEGP, CGTMSE, Mudra, Stand-up India आदि में सब्सिडी/गारंटी मिलती है।
मशीनरी लोन के फायदे
Benefits of Machinery
Loan
a.
मशीन खरीदने में आसानी
b.
बिज़नेस प्रोडक्शन तेज
c.
टैक्स बेनेफिट
d.
सब्सिडी वाली योजनाएँ उपलब्ध
e.
बिना गारंटी लोन (कुछ स्कीम में)
किसे मशीनरी लोन नहीं मिलता?
a.
CIBIL
स्कोर बहुत कम हो (600 से नीचे)
b.
बिज़नेस का कोई प्रूफ न हो
c.
बैंक स्टेटमेंट कमजोर हो
d.
मशीनरी का कोटेशन न हो
क्या आप किसी खास मशीन या बिज़नेस के लिए लोन जानकारी चाहते हैं? Do you need
loan information for a specific machine or business?
अगर बताएं —
आप कौन सा बिज़नेस करते हैं या कौन सी मशीन खरीदनी है —
तो मैं आपके लिए सही बैंक + योजना + आवश्यक दस्तावेज़ + अनुमानित ब्याज बता दूँगा।

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